February 14, 2026 in Bhajan
Gurudev, I am in love with you.
गुरुवर तुमसे लगन लगी है।तुम्हरे दरश की आस जगी है। निशदिन तेरा ध्यान धरूं मैं, तेरे ही गुण गाऊं।तन-मन-धन सब वारूं तुम पर, तेरी ही हो जाऊं ॥ कृपा करो मुझ पर मेरे दाता, मैं बलिहारी जाऊं।ऐसा ज्ञान दिया मेरे सतगुरू, मन का भरम मिटाऊं ॥ जग के झूठे बंधन काटे, अपनी शरण लगाया।सतगुरु संत […]






