Category: Commentator

  • This Little Bird Is Still a Common Sight in Villages Today

    गांवों में आज भी खूब दिखती यह चिरैया बड़े अच्छे से याद है, बचपन में जब गौरैया घर के आंगन में आती थीं, तो जतन करके उन्हें पकड़ लेते थे और रूह वाला गुलाबी / हरा रंग घोलकर उन पर लगा देते थे। फिर अपनी-अपनी चिड़िया की पहचान कर उन्हें छोड़ देते थे। थोड़ी देर…

  • The Plight of Sparrows in an Agrarian Nation

    कृषि प्रधान देश में गौरैयों की यह दशा गौरैया, वह छोटी सी चिड़िया जो कभी हमारी छतों, आंगनों और खेतों की सच्ची सखी थी, आज लुप्त होने के कगार पर खड़ी है। 20 मार्च को मनाया जाने वाला विश्व गौरैया दिवस हमें इस छोटे से जीव के प्रति हमारी उदासीनता का आईना दिखाता है। यह…

  • The Kashmir Issue

    काश्मीर का मामला काश्मीर का प्रश्न जब भारत, पाकिस्तान और सुरक्षा परिषद के बीच उलझ रहा है, तब यह जानना रोचक और उपयोगी है कि स्वयं काश्मीर इस बारे में क्या सोच रहा है। कहने की जरूरत नहीं कि जबसे बन्दर-न्याय की तरह आंग्ल-अमरीकी प्रस्ताव सामने आया है, तबसे भारत ही नहीं, स्वयं काश्मीर में…

  • Crisis Exacerbated by Rumors Spread by the Opposition

    विपक्ष द्वारा फैलाई अफवाह से बढ़ा संकट यह कोई छिपा तथ्य नहीं है कि अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम पूरे विश्व को प्रभावित करते हैं। युद्ध, जैसे हालात तो और भी ज्यादा। इसीलिए सभी राष्ट्र अपने नागरिकों के हितों को ध्यान में रखते हुए विदेश नीति बनाते हैं, जिसका समर्थन प्रत्येक नागरिक द्वारा किया जाना अपेक्षित होता है।…

  • There Is No Smoke Without Fire

    बिना आग के कहीं धुआं नहीं उठता रसोई गैस को लेकर मचे हाहाकार और दिन उससे जुड़ी परेशानियों को लेकर प्रशासन की तरफ से दोहरी बात क्यों कही जा रही. है? एक ओर, दावा किया जाता है कि देश में गैस-तेल की कोई कमी नहीं, वहीं दूसरी ओर, गैस बुकिंग को लेकर गांव में 45…

  • Concerns for the Future

    भविष्य की चिन्ता बजट की बहस में हुई आलोचनाओं के बाद प्रधानमंत्री तथा वित्तमंत्री के जो भाषण हुए, उनमें निराशा के बजाय आशा और स्थिति की गंभीरता को न छिपाते हुए भी दृढ़ता के साथ उसमें से रास्ता निकालने की चेष्टा की ऐसी छाप पड़ती है, जिसे भुलाया नहीं जा सकता। नेहरूजी तथा देशमुख दोनों…

  • A Grave Conspiracy

    गम्भीर षड्यंत्र षड्यंत्र हमेशा ही रहस्यपूर्ण होता है, जब तक कि उससे संबंध रखने वाली बातें प्रकाश में नहीं आ जातीं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री श्री लियाकत अली ने हाल में एक षड्यंत्र पर से पर्दा उठाया है, जो उनके कथनानुसार पाकिस्तान में रचा गया था और समय से पहले पता लग जाने के कारण सफल…

  • Punjab’s Misfortune

    पंजाब का दुर्भाग्य पंजाब का दुर्भाग्य अभी पीछा नहीं छोड़ रहा है। जब देश का विभाजन हुआ, तो सबसे अधिक खून-खराबी और लूटमार पंजाब में ही हुई थी और लाखों व्यक्तियों को अपने घर-बार छोड़ने के लिए विवश होना पड़ा था। पंजाब में साम्प्रदायिक मनोवृत्ति चरम सीमा को पहुंच गयी थी और उसी का यह…

  • His experience will be useful in the Rajya Sabha.

    राज्यसभा में काम आएगा उनका अनुभव नीतीश कुमार के राज्यसभा में आने से उनके लंबे प्रशासनिक और राजनीतिक अनुभव का लाभ राष्ट्रीय स्तर पर मिल सकता है। संसद के उच्च सदन में उनकी उपस्थिति नीति-निर्माण और महत्वपूर्ण राष्ट्रीय मुद्दों पर सार्थक चर्चा को दिशा दे सकती है। कई बार मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री के रूप…

  • An era is coming to an end in Bihar.

    बिहार में एक युग का अंत होने जा रहा नीतीश कुमार ने बिहार में अपने नेतृत्व के अंत की पटकथा लिख दी। इससे बड़ा सच यह है कि उनके नेतृत्व की पटकथा पूरी हुई। इसका लेखक अनाम भी नहीं है। बिहार विधानसभा चुनाव के कुछ महीने पहले मुजफ्फरपुर में मोहन भागवत ने कहा था, ‘दुर्भाग्य…